11 सूत्रीय मांगों को लेकर पिछड़ा वर्ग संयुक्त संघर्ष मोर्चा की जन-जागरण रैली का शिवपुरी में आगमन / Shivpuri News

मंच से ओबीसी अधिकारों को लेकर गरजे पदाधिकारी, मांगे अधिकार, नहीं तो होगा भविष्य में बड़ा आन्दोलन

शिवपुरी-ओबीसी वर्ग को उनके अधिकारों को दिलाने के लिए 11सूत्रीय मांगों को लेकर पिछड़ा वर्ग संयुक्त संघर्ष मोर्चा के बैनर तलेे बीती 17 दिसम्बर 2020 से संपूर्ण प्रदेश भर में ओबीसी वर्ग को जागृत करने के लिए जन-जागरण रैली निकाली जा रही है। यह रैली विभिन्न स्थानों से होते हुए बुधवार के रोज जिला मुख्यालय शिवपुरी पहुंची जहां स्थानीय गोपालजी मैरिज गार्डन में पिछड़ा वर्ग संयुक्त संघर्ष मोर्चा के प्रमुख संयोजक दादा बहादुर सिंह, राष्ट्रीय प्रवक्ता व जातीय संयोजक राजकुमार सिंह आदि सहित संघर्ष मोर्चा से जुड़े प्रकाश सिंह रावत यात्रा संयोजक, रामस्वरूप बघेल अध्यक्ष, सुरेश धाकड़ प्रदेश उपाध्यक्ष ओबीसी, श्रीमती सीमा शिवहरे प्रदेश उपाध्यक्ष महिला मोर्चा ओबीसी, प्रदेश उपाध्यक्ष गिर्राज धाकड़, के.पी.वर्मा, अमरचंद्र वर्मा, प्रकाश बघेल, बृजेश धाकड़ वकील साहब, दुबेजी बाथम अपाक्स अध्यक्ष, जनक सिंह रावत, हेमंत यादव युवा अध्यक्ष, अनिल कुशवाह, दिनेश सेन, अनीता राठौर, दिनेश शिवहरे, मानसिंह कुशवाह वकील साहब आदि सहित पिछड़ा वर्ग संयुक्त संघर्ष मोर्चा से जुड़े विभिन्न जातियों के पदाधिकारी व प्रमुखजन मौजूद रहे। 


इन मांगों को लेकर निकाली जा रही है जन-जागरण यात्रा


 

पिछड़ा वर्ग संयुक्त संघर्ष मोर्चा के द्वारा जिन प्रमुख मांगों को लेकर यह जन-जागरण यात्रा निकाली जा रही है उसमें भारत की जनगणना 2021 में जातिगत जनगणना करवाई जाए, कार्यपालिका, विधायिका, न्यायापालिका तथा शासकीय व निजी क्षेत्रों में सीधी भर्ती व पदोन्नति में ओबीसी हेतु आबादी के अनुसार आनुपातिक प्रतिनिधित्व(आरक्षण)लागू किया जावे, गैर संवैधानिक क्रीमी लेयर समाप्त की जावे, मंडल आयोग एवं महाजन आयोग की सभी अनुशंसाओं को शीघ्र लागू किया जावे, सर्वोच्च न्यायालय एवं उच्च न्यायालयों में जजों की भर्ती हेतु कोलोजियम सिस्टम समाप्त कर भारतीय न्यायिक सेवा का गठन किया जावे, शासकीय अधिवक्ताओं की नियुक्ति एवं अधीनस्थ न्यायालयों में जजों की भर्ती में आरक्षण नियमों का पालन किया जावे, किसानों के कल्याण हेतु गठित स्वामीनाथन आयोग की अनुशंससाये शीघ्र लागू की जावे, सभी के लिए समान शिक्षा नीति लागू हो, आरक्षित वर्ग के जो अभ्यार्थी अनारक्षित मेरिट में चयनित होते है उनकी गणना अनारक्षित वर्ग में ही की जावे, समस्त चयन समितियों में ओबीसी सदस्य की अनिवार्यत: पृथक से रखी जावे, मप्र में ओबीसी के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण हेतु शासन अपना पक्ष मजबूती से रखे व आरक्षण अधिनियामों का परिपालन कड़ाई से करवाया जावे। इन सभी मांगों को लेकर यह जन-जागरण यात्रा संपूर्ण प्रदेश भर में निकाली जा रही है जिसकी समापन आगमाी 11 अपै्रल को किया जावेगा। इस जन-जागरण रैली में एससी, एसटी, ओबीसी वर्ग सहित इससे जुड़े 11 संगठन व 93 जातियों के लेागों को शामिल किया गया है।

नया पेज पुराने