मामला छत्रसाल काॅलेज में महिला उत्पीड़न का : काॅलेज प्राचार्य बोले लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई, जांच समिति ने स्वीकारा लिखित आवेदन का आवलोकन कर बनाया प्रतिवेदन / Picchore News

जांच समिति दोषी प्राध्यापक को कर रही है बचाने का प्रयास


पिछोर। छत्रसाल महाविद्यालय में प्राध्यापक द्वारा काॅलेज में अध्ययनरत छात्रा को वाट्सअप पर अश्लील टिप्पड़ी करने तथा स्टाॅफ गु्रप पर अभद्रभाषा का उपयोग करने का मामला सामने आते ही जांच समिति दल का गठन किया गया और प्रातिवेदन तैयार कर संयुक्त संचालक को भेजा गया। जानकारी अनुसार 08 फरवरी को पिछोर शासकीय छत्रसाल महाविद्यालय में प्राध्यापक वाणिज्य अनन्तसिंह ने महाविद्यालय में अध्ययनरत छात्रा को उसके वाट्सअप पर आपत्तिजनक पोस्ट की तथा स्टाफ ग्रुम में अभद्र भाषा का उपयोग किया गया जिससे प्राध्यापकों सहित छात्रों ने प्राचार्य सेे लिखित शिकायत की गई, मामला थाना पिछोर तक जा पहुंचा, जांच समिति द्वारा अलग - अलग जानकारी देने से ऐसा प्रतीत होता है कि स्टाफ द्वारा प्राचार्य को बचाने में जुटे हुऐ हैं।

महिला उत्पीड़न समिति की संयोजिका बोली हमें नहीं पता क्या है मामला-

 

पिछोर काॅलेज में हुई घटना पर जांच हेतु एक समिति बनाई गई जिसमें प्राध्यापक एम.एस.राठौर, अक्षय कुमार जैन, डाॅ अंजू सिहारे, डाॅ. ववीता वाथम तथा महिला उत्पीड़न समिति की संयोजक भावना भटनागर को रखा गया। जिसमें भावना भटनागर तथा अक्ष्य कुमार जैन से समक्ष में चर्चा की गई तो उन्होंने मामले को ही स्वीकारने से ही मना कर दिया, प्राध्यापक राठौर ने चर्चा में बताया कि महिला उत्पीड़न का मामला सामने आया था पीड़ित छात्रा तथा प्राध्यापकों ने लिखित आवेदन दिया था जिस पर समिति द्वारा जांच रिपोर्ट बनाकर प्राचार्य को सैंप दी गई है।

इनका कहना है -

प्राचार्य बोले मौखिक शिकायत थी इसलिए मामला पुलिस में नहीं भेजा

महाविद्यालय के प्राभारी प्राचार्य ए.एस. यादव ने बताया कि छात्रा की मौखिक रिपोर्ट तथा प्राध्यापकों द्वारा सौंपे गये ज्ञापन के आधार पर जांच समिति बनाई गई थी, जांच प्रतिवेदन वरिष्ठ अधिकारी को कार्यवाही हेतु भेज दिया गया है, छात्रा की लिखित शिकायत होती तो मामला पुलिस में जाता।

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