वृंदावन शर्मा आत्महत्याकांड : बाबू सचिन अग्रवाल व प्रशांत गुप्ता की जमानत याचिका निरस्त / Shivpuri News

शिवपुरी। बाबू को आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले मामले में डीईओ ऑफिस के दो बाबुओं द्वारा कोर्ट में सरेंडर करने के बाद सात दिन से अस्पताल में भर्ती थे। सोमवार को डॉक्टर ने छुट्टी दे दी। यहां से देहात थाना पुलिस बाबू सचिन अग्रवाल व प्रशांत गुप्ता को जेल छोड़ आई। बीते रोज इनकी जमानत याचिका भी निरस्त कर दी गई। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय शिवपुरी के निलंबित बाबू वृंदावन शर्मा ने आत्महत्या कर सुसाइड नोट छोड़ा था।

जिसमें तत्कालीन डीईओ अजय कटियार सहित ऑफिस के दो बाबू सचिन अग्रवाल व प्रशांत गुप्ता को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया। उसके बाद दाेनों बाबू सचिन अग्रवाल और प्रशांत गुप्ता ने भी 28 दिसंबर 2020 को कोर्ट में सरेंडर कर दिया, सीने में दर्द की शिकायत के चलते दोनों बाबू अस्पताल में भर्ती हो गए। सोमवार को छुट्‌टी होने के बाद इन्हें जेल भेज दिया गया। बीते रोज कोर्ट में सुनवाई के दौरान एडीजे ने जमानत याचिका निरस्त कर दी गई।

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