ग्वालियर के सत्येंद्र ने पार किया कैटलीना चैनल; 11 घंटे 34 मिनट में तैरकर रचा एशियाई कीर्तिमान ! Gwalior News

कैटलीना चैनल पार करने वाले पैरा स्विमर सत्येंद्र ने बनाया रिकॉर्ड।

  • सत्येंद्र सिंह लोहिया के नेतृत्व में इंडियन पैरा रिले टीम ने कैटलीना चैनल पार कर बनाया एशियाई रिकॉर्ड
  • ग्वालियर में रहकर सीख रहे थे तैराकी, सोमवार को दोपहर 12 बजे से शुरू किया था तैरना 

ग्वालियर. ग्वालियर के रहने वाले सत्येंद्र सिंह लोहिया ने अमेरिका में 42 किलोमीटर लंबे कैटलीना चैनल को पार कर नया इतिहास रच दिया है। ऐसा करने के बाद वह एशिया के पहले ऐसे दिव्यांग तैराक बन गए हैं। सत्येंद्र और भारतीय टीम ने कैटालिना चैनल को 11 घंटे 34 मिनट के समय में सफलतापूर्वक पार कर नया एशियाई रिकॉर्ड भी बनाया।
सत्येंद्र ने सोमवार दोपहर 12 बजे से कैटरीना चैनल में तैराकी शुरू की थी, जो देर रात 1:30 बजे के खत्म हुई। सत्येंद्र कैटलीना चैनल पार करने वाले देश के पहले पैरा स्वीमर बन गए हैं। इसके पहले सत्येंद्र 2017 में इंग्लिश चैनल पार कर चुके हैं। ऐसा करने वाले वह देश के पहले पैरा स्विमर बने थे। 
दोनों पैरों से दिव्यांग सतेन्द्र सिंह ने अपने हौसले खतरनाक समुद्री लहरों पर विजय हासिल की है। सतेन्द्र सिंह (32) भिंड जिले के गाता गांव के रहने वाले हैं। वह अपने गांव की वेसली नदी पर तैराकी सीखी। दिव्यांग होने के बाद भी नदी में तैरने की कला को बखूबी सीखा।  
ग्वालियर में की तैराकी की तकनीकी तैयारी 
ग्वालियर में सतेन्द्र ने टेक्निकल तैराकी सीखी और फिर तैराकी को ही अपना हुनर बना लिया। अब वे इंदौर में सरकारी नौकरी कर रहे हैं। सतेन्द्र ने पहले नेशनल तैराकी में बाजी मारी। बाद में मध्यप्रदेश के विक्रम अवार्ड से नवाजे गए। सतेन्द्र ने कहा था कि कैटलीना चैनल पार करना बेहद मुश्किल है। दिन में चलने वाली तेज हवाओं से बचने के लिए रात में तैराकी शुरु करनी पड़ती है। इसमें गहराई का भी अंदाज नहीं लगता और भी कई तरह की चुनौतियां होती हैं, लेकिन सत्येंद्र ने इन सभी चुनौतियों को पारकर सफलता का नया कीर्तिमान रचा है।

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